यदि आपने हाल ही में उत्तर प्रदेश में इलेक्ट्रिक स्कूटर, इलेक्ट्रिक बाइक, इलेक्ट्रिक कार, ई-बस या ई-गुड्स कैरियर खरीदा है, तो Uttar Pradesh EV Subsidy Yojana आपके लिए एक लाभदायक सरकारी योजना साबित हो सकती है। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा लागू की गई इस योजना के तहत पात्र खरीदारों को वाहन की श्रेणी के अनुसार ₹5,000 से लेकर ₹20 लाख तक की खरीद सब्सिडी प्रदान की जाती है। इसके अलावा, पात्र इलेक्ट्रिक वाहनों पर 100% रोड टैक्स और पंजीकरण शुल्क (Registration Fee) में भी छूट दी जाती है, जिससे वाहन खरीदने की कुल लागत काफी कम हो जाती है।
यह योजना उत्तर प्रदेश इलेक्ट्रिक वाहन विनिर्माण एवं गतिशीलता नीति के अंतर्गत शुरू की गई है, जिसका मुख्य उद्देश्य राज्य में इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग को बढ़ावा देना, प्रदूषण कम करना और स्वच्छ एवं टिकाऊ परिवहन व्यवस्था को प्रोत्साहित करना है। योजना के अंतर्गत व्यक्तिगत खरीदारों के साथ-साथ एग्रीगेटर (Aggregator) और फ्लीट ऑपरेटर (Fleet Operator) भी निर्धारित शर्तों के अनुसार सब्सिडी का लाभ प्राप्त कर सकते हैं।
Uttar Pradesh EV Subsidy Yojana क्या है?

Uttar Pradesh EV Subsidy Yojana उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा शुरू की गई एक महत्वपूर्ण प्रोत्साहन योजना है, जिसका उद्देश्य राज्य में इलेक्ट्रिक वाहनों (Electric Vehicles) की खरीद को बढ़ावा देना और स्वच्छ परिवहन प्रणाली को प्रोत्साहित करना है। इस योजना के तहत पात्र खरीदारों को इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने पर सरकार की ओर से वित्तीय सहायता (Purchase Subsidy) प्रदान की जाती है। इसके अलावा इलेक्ट्रिक वाहनों पर रोड टैक्स और पंजीकरण शुल्क (Registration Fee) में भी 100 प्रतिशत तक की छूट दी जाती है, जिससे वाहन खरीदने की कुल लागत कम हो जाती है।
यह योजना उत्तर प्रदेश इलेक्ट्रिक वाहन विनिर्माण एवं गतिशीलता नीति, 2022 के अंतर्गत लागू की गई है, जिसकी अधिसूचना 14 अक्टूबर 2022 को जारी की गई थी। सरकार का लक्ष्य केवल इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री बढ़ाना ही नहीं, बल्कि प्रदूषण कम करना, हरित ऊर्जा को बढ़ावा देना और उत्तर प्रदेश को इलेक्ट्रिक मोबिलिटी का प्रमुख केंद्र बनाना भी है।
यदि आपने 14 अक्टूबर 2022 के बाद उत्तर प्रदेश में पात्र इलेक्ट्रिक वाहन खरीदा और उसका पंजीकरण कराया है, तो निर्धारित शर्तों को पूरा करने पर आप इस योजना के तहत ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
Uttar Pradesh EV Subsidy Yojana Overview
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| योजना का नाम | उत्तर प्रदेश इलेक्ट्रिक वाहन सब्सिडी योजना |
| अंग्रेजी नाम | Uttar Pradesh EV Subsidy Yojana |
| लागू करने वाली संस्था | उत्तर प्रदेश सरकार |
| संबंधित विभाग | परिवहन विभाग, उत्तर प्रदेश |
| योजना का उद्देश्य | इलेक्ट्रिक वाहनों की खरीद को बढ़ावा देना |
| लाभार्थी | पात्र इलेक्ट्रिक वाहन खरीदार |
| आवेदन प्रक्रिया | ऑनलाइन |
| आधिकारिक पोर्टल | upevsubsidy.in |
Uttar Pradesh EV Subsidy Yojana का उद्देश्य
भारत में बढ़ते वायु प्रदूषण और पेट्रोल-डीजल की लगातार बढ़ती कीमतों को देखते हुए इलेक्ट्रिक वाहन भविष्य के लिए एक बेहतर विकल्प बनकर उभरे हैं। हालांकि इलेक्ट्रिक वाहनों की शुरुआती कीमत सामान्य वाहनों की तुलना में अधिक होती है, जिसके कारण कई लोग इन्हें खरीदने से हिचकिचाते हैं।
इसी समस्या को ध्यान में रखते हुए उत्तर प्रदेश सरकार ने यह योजना शुरू की है ताकि नागरिकों को आर्थिक सहायता प्रदान कर इलेक्ट्रिक वाहनों को अधिक किफायती बनाया जा सके। साथ ही सरकार का उद्देश्य राज्य में इलेक्ट्रिक वाहन उद्योग को बढ़ावा देना, कार्बन उत्सर्जन कम करना और स्वच्छ पर्यावरण की दिशा में सकारात्मक कदम उठाना है।
Uttar Pradesh EV Subsidy Yojana की प्रमुख विशेषताएं
उत्तर प्रदेश EV सब्सिडी योजना की कुछ प्रमुख विशेषताएं निम्नलिखित हैं:
- इलेक्ट्रिक दोपहिया, चारपहिया, ई-बस और ई-गुड्स कैरियर पर सब्सिडी।
- पात्र खरीदारों को वाहन की एक्स-फैक्ट्री कीमत के आधार पर वित्तीय सहायता।
- व्यक्तिगत खरीदार को केवल एक वाहन पर सब्सिडी।
- एग्रीगेटर एवं फ्लीट ऑपरेटरों के लिए अलग लाभ सीमा।
- रोड टैक्स और पंजीकरण शुल्क में 100% तक की छूट।
- सब्सिडी सीधे लाभार्थी के बैंक खाते में DBT के माध्यम से भेजी जाती है।
- आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन है।
Uttar Pradesh EV Subsidy Yojana के तहत कितनी सब्सिडी मिलेगी?
सरकार ने अलग-अलग श्रेणी के इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए अलग-अलग सब्सिडी निर्धारित की है। यह सब्सिडी वाहन की एक्स-फैक्ट्री कीमत पर आधारित होती है, लेकिन प्रत्येक श्रेणी के लिए अधिकतम सीमा तय की गई है।
1. इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर
यदि आप इलेक्ट्रिक स्कूटर या इलेक्ट्रिक बाइक खरीदते हैं, तो आपको वाहन की एक्स-फैक्ट्री कीमत का 15 प्रतिशत तक की सब्सिडी मिलेगी। हालांकि प्रति वाहन अधिकतम ₹5,000 तक का लाभ दिया जाएगा।
यह सुविधा अधिकतम 2 लाख इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों तक उपलब्ध है।
2. इलेक्ट्रिक फोर-व्हीलर
इलेक्ट्रिक कार खरीदने वाले पात्र खरीदारों को एक्स-फैक्ट्री कीमत का 15 प्रतिशत तक सब्सिडी दी जाती है। इस श्रेणी में अधिकतम ₹1,00,000 प्रति वाहन तक वित्तीय सहायता मिल सकती है।
3. गैर-सरकारी ई-बस
स्कूल बस, एम्बुलेंस तथा अन्य गैर-सरकारी इलेक्ट्रिक बस खरीदने वाले खरीदारों को वाहन की एक्स-फैक्ट्री कीमत का 15 प्रतिशत तक सब्सिडी दी जाती है। इस श्रेणी में अधिकतम ₹20 लाख प्रति बस तक सहायता प्रदान की जाती है।
4. ई-गुड्स कैरियर
व्यावसायिक उपयोग के लिए खरीदे जाने वाले इलेक्ट्रिक मालवाहक वाहनों पर एक्स-फैक्ट्री कीमत का 10 प्रतिशत तक सब्सिडी मिलती है। प्रति वाहन अधिकतम ₹1 लाख तक का लाभ दिया जाता है।
Uttar Pradesh EV Subsidy Yojana राशि तालिका
| वाहन का प्रकार | सब्सिडी | अधिकतम राशि |
| इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर | एक्स-फैक्ट्री कीमत का 15% | ₹5,000 |
| इलेक्ट्रिक फोर-व्हीलर | एक्स-फैक्ट्री कीमत का 15% | ₹1,00,000 |
| ई-बस | एक्स-फैक्ट्री कीमत का 15% | ₹20 लाख |
| ई-गुड्स कैरियर | एक्स-फैक्ट्री कीमत का 10% | ₹1,00,000 |
कौन ले सकता है Uttar Pradesh EV Subsidy Yojana का लाभ?
इस योजना के तहत व्यक्तिगत खरीदारों के साथ-साथ एग्रीगेटर और फ्लीट ऑपरेटर भी आवेदन कर सकते हैं। हालांकि दोनों के लिए लाभ की सीमा अलग-अलग निर्धारित की गई है।
व्यक्तिगत खरीदार
व्यक्तिगत खरीदार निम्न में से केवल एक वाहन पर सब्सिडी प्राप्त कर सकता है:
- इलेक्ट्रिक स्कूटर या बाइक
- इलेक्ट्रिक कार
- ई-बस
- ई-गुड्स कैरियर
एग्रीगेटर एवं फ्लीट ऑपरेटर
- अधिकतम 10 इलेक्ट्रिक दोपहिया या चारपहिया वाहन
- अधिकतम 5 ई-बस या ई-गुड्स कैरियर
Uttar Pradesh EV Subsidy Yojana पात्रता (Eligibility)
योजना का लाभ लेने के लिए निम्नलिखित शर्तों का पालन करना आवश्यक है:
- वाहन 14 अक्टूबर 2022 के बाद खरीदा गया हो।
- वाहन उत्तर प्रदेश में पंजीकृत हो।
- वाहन योजना के अंतर्गत पात्र श्रेणी का हो।
- आवेदन आधिकारिक पोर्टल के माध्यम से किया जाए।
- बैंक खाता आवेदक के नाम पर होना चाहिए।
- सभी जानकारी और दस्तावेज सही होने चाहिए।
किसान क्रेडिट कार्ड (Kisan Credit Card or KCC) 2026: 5 लाख तक लोन, 4% ब्याज, पात्रता, दस्तावेज और आवेदन प्रक्रिया
Uttar Pradesh EV Subsidy Yojana आवश्यक दस्तावेज
ऑनलाइन आवेदन करते समय निम्नलिखित दस्तावेजों की आवश्यकता पड़ सकती है:
- आधार कार्ड
- वाहन की आरसी (Registration Certificate)
- बैंक पासबुक या Cancelled Cheque
- बैंक खाता विवरण
- IFSC Code
- मोबाइल नंबर
- पासपोर्ट साइज फोटो
- हस्ताक्षर
- PAN Card (यदि लागू हो)
- GST विवरण (व्यावसायिक आवेदकों के लिए)
Uttar Pradesh EV Subsidy Yojana के लिए आवेदन कैसे करें?
यदि आप इस योजना का लाभ लेना चाहते हैं, तो आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन है। आवेदन करने से पहले आधिकारिक पोर्टल पर उपलब्ध User Manual को पढ़ना उपयोगी रहेगा, क्योंकि उसमें प्रत्येक चरण को विस्तार से समझाया गया है।
सबसे पहले आधिकारिक पोर्टल पर जाकर अपना रजिस्ट्रेशन करें। रजिस्ट्रेशन के दौरान वाहन का रजिस्ट्रेशन नंबर, चेसिस नंबर के अंतिम पाँच अंक और पंजीकृत मोबाइल नंबर दर्ज करना होता है। मोबाइल पर प्राप्त OTP के सत्यापन के बाद आपका लॉगिन अकाउंट तैयार हो जाता है।
इसके बाद पोर्टल पर लॉगिन करके आवेदन फॉर्म भरें। वाहन नंबर दर्ज करते ही अधिकांश वाहन संबंधी जानकारी स्वतः भर जाती है। इसके बाद आपको व्यक्तिगत जानकारी, बैंक खाते का विवरण और अन्य आवश्यक जानकारी दर्ज करनी होती है।
अंत में फोटो, हस्ताक्षर, बैंक पासबुक या कैंसल चेक सहित आवश्यक दस्तावेज अपलोड करें। सभी जानकारी की जांच करने के बाद आवेदन सबमिट करें। आवेदन सफल होने पर आपको एक आवेदन संख्या (Application Number) प्राप्त होगी, जिसकी सहायता से भविष्य में आवेदन की स्थिति भी देखी जा सकती है।
Uttar Pradesh EV Subsidy Yojana आवेदन के बाद क्या होता है?
आवेदन जमा होने के बाद संबंधित डीलर और क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (RTO) द्वारा दस्तावेजों एवं वाहन का सत्यापन किया जाता है। यदि सभी जानकारी सही पाई जाती है और आवेदक योजना की शर्तों को पूरा करता है, तो सब्सिडी की राशि सीधे उसके बैंक खाते में हस्तांतरित कर दी जाती है।
NHSRCL Recruitment 2026: बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट में 237 पदों पर भर्ती, जानें पूरी जानकारी
रोड टैक्स और पंजीकरण शुल्क में छूट
इस योजना का एक बड़ा लाभ यह भी है कि पात्र इलेक्ट्रिक वाहनों पर रोड टैक्स और पंजीकरण शुल्क में छूट दी जाती है।
- नीति लागू होने की तिथि से तीन वर्षों तक उत्तर प्रदेश में खरीदे एवं पंजीकृत इलेक्ट्रिक वाहनों पर 100% रोड टैक्स और पंजीकरण शुल्क में छूट उपलब्ध है।
- चौथे और पांचवें वर्ष में यह छूट केवल उत्तर प्रदेश में निर्मित, खरीदे और पंजीकृत इलेक्ट्रिक वाहनों पर लागू होती है।
Uttar Pradesh EV Subsidy Yojana महत्वपूर्ण बातें
- व्यक्तिगत खरीदार को केवल एक बार सब्सिडी मिलेगी।
- यदि वाहन बिना बैटरी के खरीदा गया है, तो केवल 50% सब्सिडी ही मिलेगी।
- बैंक खाता आवेदक के नाम पर होना चाहिए।
- गलत जानकारी देने पर आवेदन निरस्त किया जा सकता है।
- आवेदन से संबंधित अधिकांश कार्य अब संबंधित RTO कार्यालय द्वारा किए जाते हैं।
आवेदन की स्थिति (Application Status) कैसे चेक करें?
यदि आपने आवेदन कर दिया है और जानना चाहते हैं कि आपका आवेदन किस चरण में है, तो सरकार ने ऑनलाइन स्टेटस चेक करने की सुविधा भी उपलब्ध कराई है।
स्टेटस चेक करने की प्रक्रिया
- आधिकारिक Status Page खोलें।
- Vehicle Registration Number दर्ज करें।
- Captcha भरें।
- Get Application Status पर क्लिक करें।
इसके बाद स्क्रीन पर आपको:
- आवेदन संख्या
- आवेदन की स्थिति
- सब्सिडी राशि
- Remark
- Dealer Details
आदि की जानकारी दिखाई दे जाएगी।
नई RTO व्यवस्था (Latest Update)
उत्तर प्रदेश परिवहन विभाग द्वारा नई व्यवस्था लागू की गई है।
अब—
- ई-बस को छोड़कर सभी प्रकार के सब्सिडी आवेदन संबंधित Regional Transport Office (RTO) द्वारा निस्तारित किए जाते हैं।
- सब्सिडी भुगतान भी संबंधित RTO के माध्यम से किया जाता है।
- आवेदन संबंधी किसी भी समस्या के लिए आवेदक अपने संबंधित RTO से संपर्क कर सकता है।
PM Internship Yojana 2026: ₹9,000 स्टाइपेंड, पात्रता, आवेदन प्रक्रिया और पूरी जानकारी
यदि गलती से Aggregator / Fleet Operator चुन लिया हो तो क्या करें?
कई बार व्यक्तिगत आवेदक आवेदन करते समय गलती से Aggregator, Fleet Operator या Other Operator श्रेणी चुन लेते हैं।
ऐसी स्थिति में सरकार ने सुधार की सुविधा उपलब्ध कराई है।
इसके लिए:
- निर्धारित प्रारूप में शपथपत्र देना होगा।
- ₹100 के नॉन-ज्यूडिशियल स्टाम्प पेपर पर Affidavit बनाना होगा।
- सभी आवश्यक दस्तावेज एक ही PDF में Merge करके अपलोड करने होंगे।
- गलत Category सुधारने के बाद आवेदन पर आगे कार्रवाई की जाएगी।
आवेदन रिजेक्ट होने के सामान्य कारण
यदि आवेदन सही तरीके से नहीं भरा गया है, तो वह अस्वीकृत हो सकता है।
कुछ सामान्य कारण:
- गलत बैंक खाता
- IFSC Code गलत होना
- आधार और RC में नाम अलग होना
- फोटो या Signature मेल न खाना
- अधूरे दस्तावेज
- गलत Category चुनना
- गलत मोबाइल नंबर देना
इन गलतियों से बचने पर आवेदन जल्दी स्वीकृत होने की संभावना रहती है।
हेल्पलाइन
यदि आवेदन करते समय किसी प्रकार की समस्या आती है, तो आप परिवहन विभाग से संपर्क कर सकते हैं।
टोल फ्री हेल्पलाइन
1800-180-0151
ईमेल
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
1. Uttar Pradesh EV Subsidy Yojana का लाभ किसे मिलेगा?
उत्तर प्रदेश में पात्र इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने वाले व्यक्तिगत खरीदार, कंपनियां, एग्रीगेटर और फ्लीट ऑपरेटर इस योजना का लाभ ले सकते हैं।
2. क्या एक व्यक्ति दो बार सब्सिडी ले सकता है?
नहीं। व्यक्तिगत खरीदार केवल एक बार और केवल एक पात्र वाहन पर सब्सिडी प्राप्त कर सकता है।
3. क्या बिना बैटरी वाले EV पर भी सब्सिडी मिलेगी?
हाँ, लेकिन केवल पात्र सब्सिडी का 50 प्रतिशत ही मिलेगा।
4. आवेदन ऑनलाइन होगा या ऑफलाइन?
आवेदन पूरी तरह ऑनलाइन किया जाता है।
5. आवेदन के लिए कौन-सा मोबाइल नंबर होना चाहिए?
वही मोबाइल नंबर जिसका उपयोग वाहन रजिस्ट्रेशन के समय किया गया था।
6. क्या बैंक खाता किसी अन्य व्यक्ति का हो सकता है?
नहीं। बैंक खाता आवेदक के नाम पर होना अनिवार्य है।
7. आवेदन की स्थिति कैसे देखें?
आधिकारिक पोर्टल के Status सेक्शन में जाकर Vehicle Number दर्ज करके आवेदन की स्थिति देखी जा सकती है।
8. क्या आवेदन करने के बाद जानकारी बदली जा सकती है?
सामान्यतः आवेदन जमा होने के बाद संशोधन की अनुमति नहीं होती। इसलिए आवेदन भरते समय सभी जानकारी सावधानीपूर्वक दर्ज करें।
निष्कर्ष
Uttar Pradesh EV Subsidy Yojana उत्तर प्रदेश सरकार की एक महत्वपूर्ण योजना है, जिसका उद्देश्य इलेक्ट्रिक वाहनों को अधिक किफायती बनाना और राज्य में स्वच्छ परिवहन को बढ़ावा देना है। योजना के तहत पात्र खरीदारों को इलेक्ट्रिक स्कूटर, बाइक, कार, ई-बस और ई-गुड्स कैरियर खरीदने पर आकर्षक सब्सिडी प्रदान की जाती है। इसके साथ ही रोड टैक्स और पंजीकरण शुल्क में छूट मिलने से वाहन खरीदने की कुल लागत और भी कम हो जाती है।
यदि आपने हाल ही में उत्तर प्रदेश में पात्र इलेक्ट्रिक वाहन खरीदा है, तो आधिकारिक पोर्टल पर जाकर निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार आवेदन करें। आवेदन करने से पहले सभी दस्तावेज तैयार रखें और प्रत्येक जानकारी सावधानीपूर्वक भरें, ताकि आपका आवेदन बिना किसी समस्या के स्वीकृत हो सके और आप समय पर योजना का लाभ प्राप्त कर सकें.
